ऋषिकेश। देवभूमि उद्यमिता योजना 2.0 के अंतर्गत श्री देव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय के पंडित ललित मोहन शर्मा परिसर में द्वितीय उद्यमिता ओरिएंटेशन कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को उद्यमिता के उन्नत पहलुओं से अवगत कराना और उन्हें अपने व्यावसायिक विचारों को व्यवहार में उतारने के लिए प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता योजना की नोडल अधिकारी एवं सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन टूरिज्म की निदेशक प्रोफेसर अनीता तोमर ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि यह ओरिएंटेशन विद्यार्थियों को प्रारंभिक जानकारी से आगे बढ़ाकर वास्तविक उद्यम स्थापना की दिशा में मार्गदर्शन देने का महत्वपूर्ण प्रयास है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आज के दौर में केवल सैद्धांतिक ज्ञान पर्याप्त नहीं, बल्कि व्यावहारिक कौशल, नवाचार और जोखिम उठाने की क्षमता भी जरूरी है।
इस दौरान जिला समन्वयक सपना नेगी ने योजना के द्वितीय चरण की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने स्टार्टअप आइडिया वैलिडेशन, बिजनेस मॉडल कैनवास, वित्तीय प्रबंधन और मार्केटिंग रणनीतियों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि चयनित विद्यार्थियों को मेंटरशिप, प्रशिक्षण और वित्तीय सहायता के साथ उद्योग विशेषज्ञों से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
कार्यक्रम में एक इंटरएक्टिव वर्कशॉप भी आयोजित की गई, जिसमें विद्यार्थियों ने समूहों में अपने-अपने स्टार्टअप आइडियाज पर काम किया और विशेषज्ञों से तत्काल फीडबैक प्राप्त किया। इसके अलावा, पूर्व प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा कर बताया कि पहले ओरिएंटेशन के बाद उन्होंने अपने विचारों पर काम शुरू कर सकारात्मक परिणाम हासिल किए।
प्रोफेसर धर्मेंद्र तिवारी ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय में उद्यमिता युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण विकल्प बन चुकी है और उन्हें पारंपरिक रोजगार से आगे बढ़कर नए अवसर तलाशने चाहिए।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. शालिनी रावत ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। प्रतिभागी छात्र-छात्राओं को प्रमाण-पत्र भी वितरित किए गए।
परिसर निदेशक प्रोफेसर महावीर सिंह रावत और विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर एन. के. जोशी ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उनके व्यक्तित्व विकास में सहायक सिद्ध होंगे।
कार्यक्रम में कुल 86 छात्र-छात्राओं ने सक्रिय सहभागिता की। आयोजन का समापन विद्यार्थियों के उत्साह और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के संकल्प के साथ हुआ।