भारत में डेंगू की पहली वैक्सीन को मंजूरी, 4 से 60 वर्ष के लोगों को मिलेगा लाभ

भारत में डेंगू की पहली वैक्सीन को मंजूरी, 4 से 60 वर्ष के लोगों को मिलेगा लाभ

नई दिल्ली। भारत में डेंगू की रोकथाम के लिए एक बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। औषधि महानियंत्रक (DCGI) ने टाकेडा बायोफार्मास्यूटिकल्स इंडिया द्वारा विकसित ‘क्यूडेंगा (Qdenga)’ वैक्सीन के विपणन (मार्केटिंग) को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही भारत में डेंगू से बचाव के लिए पहली वैक्सीन उपलब्ध होने का रास्ता साफ हो गया है।

4 से 60 वर्ष आयु वर्ग के लिए मंजूर

कंपनी के अनुसार, क्यूडेंगा वैक्सीन को 4 से 60 वर्ष की आयु के लोगों के लिए मंजूरी दी गई है। इसकी खास बात यह है कि इसे लगाने से पहले यह जांच कराने की जरूरत नहीं होगी कि व्यक्ति को पहले कभी डेंगू हुआ है या नहीं। यानी डेंगू संक्रमण के पूर्व इतिहास की जांच के बिना भी यह वैक्सीन लगाई जा सकेगी।

40 से अधिक देशों में पहले से मिल चुकी है मंजूरी

यह वैक्सीन पहले ही दुनिया के 40 से अधिक देशों में उपयोग के लिए स्वीकृत हो चुकी है। इनमें यूरोपीय संघ, ब्रिटेन, ब्राजील, इंडोनेशिया और अर्जेंटीना जैसे देश शामिल हैं। अब भारत में भी इसकी मंजूरी मिलने से डेंगू की रोकथाम में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

डेंगू से बचाव में मिलेगी मदद

विशेषज्ञों का मानना है कि भारत जैसे देश में, जहां हर वर्ष बड़ी संख्या में डेंगू के मामले सामने आते हैं, यह वैक्सीन संक्रमण और गंभीर मामलों के जोखिम को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। हालांकि, वैक्सीन के साथ-साथ मच्छरों से बचाव, साफ-सफाई और जलभराव रोकने जैसे उपाय भी उतने ही जरूरी रहेंगे।

क्या है क्यूडेंगा वैक्सीन?

  • भारत की पहली मंजूर डेंगू वैक्सीन
  • निर्माता: टाकेडा बायोफार्मास्यूटिकल्स इंडिया
  • आयु सीमा: 4 से 60 वर्ष
  • डेंगू के पूर्व संक्रमण की जांच आवश्यक नहीं
  • 40 से अधिक देशों में पहले से स्वीकृत

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि इस वैक्सीन की उपलब्धता से भारत में डेंगू की रोकथाम और सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिलेगी।