देहरादून। उत्तराखंड में एकल महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री सेवा सदन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान योजना के पहले चरण के अंतर्गत चयनित लाभार्थियों को सब्सिडी की पहली किस्त डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से उनके खातों में भेजी गई।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने प्रदेश के 6 जिलों से चयनित 484 एकल महिलाओं को कुल 3,45,34,500 रुपये की धनराशि ट्रांसफर की। वहीं, योजना के दूसरे चरण में शेष 7 जिलों के 540 लाभार्थियों को मार्च महीने के पहले सप्ताह में सब्सिडी की राशि प्रदान की जाएगी।
15 अगस्त 2023 को हुई थी योजना की घोषणा
उत्तराखंड में बड़ी संख्या में ऐसी महिलाएं हैं जो अविवाहित, विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता, निराश्रित या दिव्यांग होने के कारण आर्थिक रूप से कमजोर स्थिति में हैं। इन्हीं महिलाओं को सामाजिक सुरक्षा देने और स्वरोजगार के माध्यम से उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 15 अगस्त 2023 को इस योजना की घोषणा की थी।
घोषणा के बाद महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा योजना का प्रारूप तैयार किया गया। जून 2024 में मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान प्रस्ताव को उप समिति को सौंपा गया। इसके बाद 16 मई 2025 को कैबिनेट से योजना को अंतिम मंजूरी मिली और 18 जून से आवेदन प्रक्रिया शुरू की गई।
1024 एकल महिलाओं का हुआ चयन
आवेदन प्रक्रिया के बाद विभाग को प्राप्त आवेदनों में से कुल 1024 एकल महिलाओं का चयन किया गया। इनमें अविवाहित, तलाकशुदा, परित्यक्ता, निराश्रित और विकलांग एकल महिलाएं शामिल हैं।
पहले चरण में इन जिलों को मिला लाभ
पहले चरण में जिन 6 जिलों की 484 महिलाओं को सब्सिडी दी गई, उनमें—
देहरादून: 191
उधमसिंह नगर: 87
नैनीताल: 75
पौड़ी: 60
बागेश्वर: 42
टिहरी: 23
शामिल हैं।
दूसरे चरण में 7 जिलों की 540 महिलाओं को मिलेगी सहायता
दूसरे चरण में अल्मोड़ा, चंपावत, चमोली, हरिद्वार, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़ और रुद्रप्रयाग जिलों से चयनित 540 लाभार्थियों को मार्च के पहले सप्ताह में सब्सिडी की राशि डीबीटी के माध्यम से ट्रांसफर की जाएगी।