देहरादून: मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने बुधवार को सचिवालय में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलाधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने ई-ऑफिस, सरकारी परिसंपत्तियों की मैपिंग, सिंगल यूज प्लास्टिक और सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन व ग्रेच्युटी से जुड़े मामलों की समीक्षा की।
मुख्य सचिव ने सभी विभागों में ई-ऑफिस को शत-प्रतिशत लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन विभागों में फाइल मूवमेंट और ई-ऑफिस की प्रगति अपेक्षाकृत कम है, वहां नियमित समीक्षा कर सुधार किया जाए। विभागों के अच्छे कार्यों और नवाचारों को सचिव समिति की बैठकों में साझा करने के भी निर्देश दिए गए।
दो माह में सरकारी परिसंपत्तियों की मैपिंग
मुख्य सचिव ने उत्तराखंड गवर्नमेंट एसेट्स मॉनिटरिंग सिस्टम के तहत सभी सरकारी परिसंपत्तियों को अगले दो माह में पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रत्येक परिसंपत्ति की मैपिंग और जियोफेंसिंग सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने सरकारी भूमि पर होने वाले अतिक्रमण की स्थिति में समय पर अलर्ट जारी होने की व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए, ताकि संबंधित विभाग तत्काल कार्रवाई कर सकें। विभागीय सचिवों को इसकी साप्ताहिक समीक्षा और मॉनिटरिंग करने को कहा गया।
सिंगल यूज प्लास्टिक पर लगातार कार्रवाई
मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को सिंगल यूज प्लास्टिक के इस्तेमाल को हतोत्साहित करने के लिए लगातार अभियान चलाने और नियमित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित विभाग को इसके प्रभावी नियंत्रण के लिए ड्राफ्ट पॉलिसी जल्द तैयार कर लागू करने को कहा।
सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन में देरी न हो
बैठक में पेंशन और ग्रेच्युटी के लंबित मामलों की भी समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने ऐसा प्रभावी मैकेनिज्म तैयार करने के निर्देश दिए, जिससे सेवानिवृत्ति के तत्काल बाद पेंशन शुरू हो और समय पर ग्रेच्युटी का भुगतान हो सके।
प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग में लंबित शिक्षकों के पेंशन मामलों के समाधान के लिए विशेष कैंप लगाने के निर्देश दिए गए। बड़े विभागों में पेंशन संबंधी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रभावी शिकायत निवारण व्यवस्था विकसित करने को भी कहा गया।
मेडिकल रीइंबर्समेंट की प्रक्रिया होगी आसान
मुख्य सचिव ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के मेडिकल बिलों के भुगतान की प्रक्रिया को सरल बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद कर्मचारी जिस जनपद में निवास कर रहा है, वहां के डीडीओ के माध्यम से उसके मेडिकल बिलों का अनुमोदन कराने की व्यवस्था पर काम किया जाए।
बैठक में प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, एल. फैनाई, सचिव शैलेश बगौली, नितेश कुमार झा, चंद्रेश कुमार यादव, रविनाथ रामन, डॉ. आर. राजेश कुमार, विनय शंकर पाण्डेय, विनोद कुमार सुमन, ज्योति यादव, रणवीर सिंह चौहान, धीराज सिंह गर्ब्याल, राजेंद्र कुमार सहित गढ़वाल मंडल आयुक्त आनंद स्वरूप और सभी जिलों के जिलाधिकारी मौजूद रहे।