देहरादून। उत्तराखंड में देहरादून और मसूरी के बीच कनेक्टिविटी बेहतर करने के लिए करीब 42 किलोमीटर लंबे दो-लेन हाईवे की परियोजना प्रस्तावित है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) की प्रस्तावित योजना के अनुसार इस परियोजना पर करीब 3,500 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। इसमें दो प्रमुख सुरंगों के निर्माण का प्रस्ताव भी शामिल है।
प्रस्तावित हाईवे झाझरा से शुरू होकर मसूरी के गांधी चौक तक पहुंचने की योजना है। परियोजना के पूरा होने के बाद देहरादून से मसूरी के बीच यात्रा को आसान बनाने और मौजूदा मार्ग पर यातायात का दबाव कम करने का प्रयास किया जाएगा। हालांकि, करीब 30 मिनट में सफर पूरा होने का अनुमान परियोजना के अंतिम स्वरूप, सड़क की स्थिति और यातायात व्यवस्था पर निर्भर करेगा।
परियोजना में जॉर्ज एवरेस्ट क्षेत्र के नीचे करीब 2.9 किलोमीटर लंबी सुरंग प्रस्तावित बताई जा रही है। इसके अलावा करीब 2 किलोमीटर लंबी दूसरी सुरंग भी बनाए जाने की योजना है। इन सुरंगों के जरिए पहाड़ी मार्ग के कठिन हिस्सों और तीखे मोड़ों को बाईपास करने का प्रयास किया जाएगा।
नए मार्ग से वाहनों को देहरादून शहर के व्यस्त हिस्सों में प्रवेश किए बिना मसूरी जाने का वैकल्पिक रास्ता मिलने की संभावना है। इससे राजपुर रोड और मौजूदा देहरादून-मसूरी मार्ग पर यातायात का दबाव कम करने में मदद मिल सकती है।
परियोजना को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे से जोड़कर भी देखा जा रहा है। ऐसे में योजना के अनुसार सड़क संपर्क विकसित होने पर दिल्ली-NCR से मसूरी की यात्रा आसान हो सकती है। हालांकि वास्तविक यात्रा समय यातायात, मौसम और सड़क की स्थिति पर निर्भर करेगा।
बेहतर कनेक्टिविटी का लाभ मसूरी के साथ धनौल्टी, टिहरी और उत्तरकाशी की ओर जाने वाले यात्रियों को भी मिल सकता है। पर्यटन सीजन में देहरादून-मसूरी मार्ग पर बढ़ने वाले वाहनों के दबाव को देखते हुए इस प्रस्तावित परियोजना को क्षेत्र के सड़क बुनियादी ढांचे से जोड़कर देखा जा रहा है। परियोजना की अंतिम लागत, निर्माण समयसीमा और यातायात व्यवस्था से जुड़ी जानकारी संबंधित एजेंसियों की आधिकारिक घोषणा के बाद स्पष्ट होगी।