एमबी पीजी कॉलेज हल्द्वानी में उद्यमिता कार्यशाला, युवाओं को ‘जॉब सीकर’ नहीं ‘जॉब क्रिएटर’ बनने का संदेश

एमबी पीजी कॉलेज हल्द्वानी में उद्यमिता कार्यशाला, युवाओं को ‘जॉब सीकर’ नहीं ‘जॉब क्रिएटर’ बनने का संदेश

हल्द्वानी। एम.बी. राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, हल्द्वानी में बुधवार को उद्यमिता अभिमुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों में उद्यमिता के प्रति जागरूकता बढ़ाना, स्वरोजगार के अवसरों से अवगत कराना और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. एन. एस. बनकोटी ने किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में केवल नौकरी पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है, बल्कि युवाओं को स्टार्टअप के माध्यम से रोजगार सृजित कर समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान देना चाहिए।

कार्यशाला में करीब 100 विद्यार्थियों ने भाग लिया, जिनमें से लगभग 30 छात्रों ने उद्यमिता के प्रति विशेष रुचि दिखाई। इस अवसर पर ईडीआईआई (एंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया) के विशेषज्ञ डॉ. भूपेंद्र सिंह मेहरा ने छात्रों को उद्यमिता से जुड़े विभिन्न पहलुओं, सरकारी योजनाओं और स्टार्टअप के अवसरों की विस्तृत जानकारी दी।

कार्यक्रम के दौरान पावर प्वाइंट प्रस्तुति के माध्यम से विद्यार्थियों को बताया गया कि किस प्रकार एक साधारण विचार को व्यवसाय में बदला जा सकता है और छोटे स्तर से शुरुआत कर सफलता हासिल की जा सकती है। साथ ही नवाचार, जोखिम उठाने की क्षमता, नेतृत्व, विपणन, प्रबंधन कौशल और वित्तीय योजना जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर भी प्रकाश डाला गया।

कार्यक्रम का संचालन प्रो. टी. सी. पाण्डेय ने किया। इस मौके पर प्रो. प्रेम प्रकाश, डॉ. सविता भंडारी, डॉ. तनुजा मेलकानी, डॉ. सुधीर नैनवाल सहित अन्य शिक्षकगण उपस्थित रहे।
कार्यशाला के अंत में विद्यार्थियों को प्रेरित किया गया कि वे केवल नौकरी पाने वाले नहीं, बल्कि रोजगार सृजक बनने का लक्ष्य निर्धारित करें। डिजिटल युग में ई-कॉमर्स और सोशल मीडिया के माध्यम से उद्यमिता के व्यापक अवसर उपलब्ध हैं।

यह कार्यशाला विद्यार्थियों के लिए बेहद ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक साबित हुई, जिससे उनमें आत्मविश्वास और नवाचार की भावना को बढ़ावा मिला।